जरूरतमंद होनहार विद्यार्थी को सदर विधायक ने दिया लैपटॉप

आर्थिक रूप से असक्षम आनंद भारती अपनी मां के साथ विधायक कार्यालय में मदद की उम्मीद से पहुंचे थे

लैपटॉप पाते ही आईएसएम, धनबाद के मेकेनिकल इंजीनियरिंग के विद्यार्थी आनंद भारती हुए बेहद खुश मां हुई भावुक दिल से दिया विधायक को धन्यवाद

हजारीबाग शहर के जादो बाबू चौक निवासी एक मां बबीता गुप्ता (गृहणी) अपने पुत्र को लेकर जब विधायक मनीष जायसवाल के सेवा कार्यालय में पहुंची और उन्होंने अपनी व्यथा से उन्हें अवगत कराते हुए बताया कि उनका बेटा आनंद भारती एक मेधावी छात्र हैं और फ़िलहाल आईआईटी (आईएसएम) धनबाद में मैकेनिकल इंजीनियरिंग का कोर्स कर रहा है लेकिन ऑनलाइन पढ़ाई के क्रम में उसे कंप्यूटर साइंस की कक्षा के लिए कोडिंग करने में लैपटॉप नहीं होने के कारण काफी समस्या हो रही है। मां बबीता देवी ने उन्हें बताया कि मेरे पति राजदेव भारती फेरी करके घर चलाते हैं ऐसे में हम परिवार के लोग फिलहाल लैपटॉप खरीदने में असक्षम है। उन्होंने अपने होनहार पुत्र के पढ़ाई में विधायक श्री जायसवाल से एक लैपटॉप सहयोग करने का अनुरोध किया। जिसके उपरांत विधायक मनीष जायसवाल ने जब यह जाना कि छात्र आनंद भारती बचपन से ही मेधावी विद्यार्थी रहा है तब उन्होंने तत्काल अपने घर से अपनी बिटिया का लैपटॉप मंगवाकर उसे सौंपा। लैपटॉप प्राप्त होते ही प्रतिभावान छात्र आनंद भारती का चेहरा खुशी से खिल उठा। बेटे के चेहरे पर खुशी देख मां भावुक हो गई उन्होंने इस सहयोग के लिए विधायक मनीष जायसवाल के प्रति कृतज्ञता व्यक्त की और धन्यवाद जताया। होनहार छात्र आनंद भारती ने बताया की मुझे अपने मित्रों से यह जानकारी प्राप्त हुई थी की विधायक मनीष जायसवाल जरूरतमंदों के लिए आगे आते हैं और भविष्य में मैं जब सक्षम बनूंगा तो प्रयास करूंगा की मैं भी किसी जरूरतमंद विद्यार्थी के लिए ऐसा सहयोग कर सकूं ।

प्रतिभा किसी भी क्षेत्र की हो उसे निखारने में सहयोग कर पाना मेरा सौभाग्य – मनीष जायसवाल

विधायक मनीष जायसवाल ने बताया की प्रतिभा किसी भी क्षेत्र की हो वो जीवन की सभी झंझावतों को झेलते हुए निखरती तो निश्चित ही है लेकिन उनके जरूरत पर किसी भी प्रकार से अगर हम मदद कर सके तो हमारे जीवन का यह एक बड़ा उपलब्धि होता है। उन्होंने होनहार विद्यार्थी के बेहतर और उज्जवल भविष्य की कामना भी की ।

मैकेनिकल इंजीनियरिंग से बीटेक कर रहे है आनंद भारती

छात्र आनंद भारती स्कूली शिक्षा सरस्वती शिशु विद्या मंदिर, मालवीय मार्ग से हुई है। उसके बाद इसने झारखंड एकेडमिक काउंसिल (जैक) द्वारा प्रवेश परीक्षा के माध्यम से झारखंड सरकार की विशेष पाल मेडिकल और इंजीनियरिंग कॉलेजों में प्रवेश के लिए चलाई जा रही योजना आकांक्षा- 40 नाम से राजधानी रांची में संचालित कोचिंग में अपने उत्कृष्ट प्रदर्शन से दाखिला पाई। यहां से जेईई एडवांस के जरिए इसने आईआईटी (आईएसएम) धनबाद में दाखिला पाई और फिलहाल मैकेनिकल इंजीनियरिंग से बीटेक कर रहे हैं।

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