भारतीय हिन्दू नेता की एक ऐसी पत्नी जो सिंदूर और मंगलसूत्र से करती है परहेज जबकि पति के प्रति पूर्ण रूप से है वफादार और समर्थित ,उसपर अलग-अलग कयास , जानिए क्या है इसका असली राज ?

कौन है वह भारतीय हिंदू नेता कीं पत्नी ?

सुहाग की अमर निशानी सिंदूर और मंगलसूत्र से परहेज करने वाली भारतीय हिन्दू नेता की पत्नी कोई और नहीं यूपी के भूतपूर्व मुख्यमंत्री और सपा के सुप्रीमो अखिलेश यादव की धर्मपत्नी डिंपल यादव हैं , जो निजी स्वास्थ्य कारणों से सुहाग की अमर निशानी और सुहाग का शास्त्रोंक्त सुरक्षा कवच सिंदूर और मंगलसूत्र धारण करने से परहेज करती है ,इस पर अलग-अलग कयास लगाए जाते हैं ,जबकि इसके पीछे मुख्य कारण डिंपल यादव का हाइजीनिक (स्वास्थ्य संबंधी ) है , जिसे शायद ही लोग जानते हैं .

प्रेम प्रसंग के बाद हिंदू रीति रिवाज से हुई है शादी

ऐसी कोई बात भी नही कि अखिलेश यादव और डिंपल यादव की शादी किसी दबाव मजबूरी में अनिच्छा में हुई है दोनों की शादी लंबे चले प्रेम प्रसंग के बाद दोनों की पूरी इच्छा और सहमति से हुई है. दोनों के बीच एक दूसर से प्रगाढ़ प्रेम और आत्मविश्वास भरोसा था और कायम है. विद्यार्थी जीवन में हीं प्रेम पनप गया था जो लगातार परवान चढता गया. दोनों अजीम शख्सियत के संतान थे अखिलेश यादव सपा के मुखिया और यूपी के दबंग समाजवादी राजनेता मुलायम सिंह यादव के जेष्ठ पुत्र और डिंपल यादव आर्मी कर्नल ए सी रावत की लाडली पुत्री है. दोनों के बीच पहले प्रेम पनपा और लगातार परवान चढ़ता गया दोनों में परिणय सूत्र में बंधने की समान भावना और दृढ़ निश्चय संकल्प के तहत ही ये दंपति बने. शादी के वक्त डिम्पल इलाहाबाद यूनिवर्सिटी में बी कॉम की छात्रा थी और अखिलेश ऑस्ट्रेलिया से एनवायरनमेंटल इंजीनियरिंग की डिग्री लेकर लोटे थे. दोनों की मुलाकात एक मीटिंग में हुई और अखिलेश यादव की आंखों में डिंपल यादव भा गई और उनके हृदय में डिंपल यादव के लिए प्रेम पनप गया , डिंपल के लिए भी अखिलेश यादव के लिए समान भाव जगा और दोनों प्रेम दीवाने हो गए अंततः दंपति सूत्र में बंध कर ही राहत की सांस लिए .

मुलायम सिंह यादव काफी मान मनोव्वल के बाद हुए थे राजी

अखिलेश यादव और डिंपल यादव की शादी के लिए डिंपल के पिता कर्नल ए सी रावत सहमत व तैयार थे वहीं दूसरी तरफ अखिलेश यादव के पिता मुलायम सिंह यादव इसके लिए बिल्कुल सहमत व तैयार नहीं थे. इसके पीछे कारण था कि मुलायम सिंह यादव अपने जेष्ठ पुत्र अखिलेश यादव की शादी राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद की बेटी मिशा से करवाने की तैयारी में थे. अपने पिता के वफादार पुत्र अखिलेश यादव ने इस प्रस्ताव को नामंजूर कर दिया और अपनी इच्छा का इज़हार भी कर दिया .मुलायम सिंह यादव इसें नामंजूर करतें हुए अपनी जिद पर अड़े थे और तब अखिलेश यादव ने अपने प्रेम प्रसंग और अपने निश्चय की जानकारी अपनी दादी को दी थी. सूत्रों के मुताबिक अखिलेश सिंह यादव की दादी उनके चाचा और परिवार का अति निकट अमर सिंह के संयुक्त प्रयास से इस शादी के लिए मुलायम सिंह यादव तैयार हुए थे और बड़े धूमधाम से हिंदू रीति रिवाज से यह शादी संपन्न हुई थी .

वफादार हमसफर व जीवन साथी

अखिलेश यादव और डिंपल यादव का दांपत्य जीवन काफी शफल रहा दोनों में एक दूसरे के प्रति बेइंतहा प्यार सम्मान है दोनों एक दूसरे के लिए आदर्श हैं. दोनों एक दूसरे का हमसाया बने नजर आते हैं डिंपल यादव भी एक पतिपरायण पत्नी से जुड़े सारे कर्तव्य दायित्व व जिम्मेदारियों का निर्वहन बखूबी निभा रही हैं. चुनाव में नारी शक्ति के रूप में हमसाया की तरह साथ दे रही है परिलक्षित तौर पर दोनों में एक दूसरे के प्रति कोई गिला शिकवा नजर नहीं आता है .

सुहाग की अमर निशानी सिंदूर और मंगलसूत्र से परवाह का है इत्तर कारण

डिंपल यादव द्वारा शास्त्रोक्त रूप से अमर निशानी सिंदूर और मंगलसूत्र से परहेज के पीछे कई कयास लगाए जाते हैं इसके पीछे एक राजनीतिक व चुनावी रणनीति भी गिनाया जाता है कहा जाता है कि डिंपल यादव जब मुस्लिम बहुल क्षेत्र में सभा या प्रचार के लिए जाती हैं तो मुस्लिम औरतों को प्रभावित व आकर्षित करने के लिए कट्टर हिंदुत्व की पहचान छिपाने के मकसद से सिंदूर और मंगलसूत्र धारण करने से परहेज रखती है, वहीं हिंदू बहुल क्षेत्र में सिंदूर और मंगलसूत्र धारण कर लेती हैं. ऐसे तो जितना मुंह उतनी बात की बात ही दीगर है .किंतु सूत्रों को माने तो इसके पीछे असली कारण इससे बिल्कुल इत्तर है नजदीकी जानकारों के मुताबिक सिंदूर में लेमन मिला होता है जिसके प्रयोग से डिंपल यादव को एलर्जी हो जाता है इसी तरह मंगलसूत्र के प्रयोग से उनके त्वचा पर इसका प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है फिर भी सुहाग के अमर निशानी के तौर पर पति परायण पत्नी डिंपल यादव नाम की सिंदूर का इस्तेमाल जरूर करती हैं जो आम नजर में दृष्टिगोचर नहीं होता और तरह तरह के कयास का कारण बना हुआ है गौरतलब है कि डिंपल यादव में एक आदर्श पत्नी की ही नहीं एक आदर्श भारतीय नारी का गुण भी विद्यमान है इसका सबूत घर परिवार में इत्तर चुनाव के दौरान प्रसार व सभा में भी करीब करीब डिंपल यादव का सिर आंचल से ढका नजर आता हैं.

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here